Retirement Age Hike Latest News: पिछले कई महीनों से सरकारी कर्मचारियों द्वारा रिटायरमेंट की उम्र सीमा बढ़ाने की मांग लगातार उठाई जा रही थी। कर्मचारियों का मानना था कि वर्तमान 60 वर्ष की उम्र सीमा को बढ़ाकर 62 या 65 वर्ष किया जाना चाहिए। इस मुद्दे पर केंद्र सरकार ने अब अपना स्पष्ट रुख सामने रखा है। राज्यसभा में दिए गए लिखित जवाब में केंद्रीय मंत्री ने साफ कर दिया है कि फिलहाल सरकार की रिटायरमेंट उम्र में किसी प्रकार के बदलाव की कोई योजना नहीं है।
राज्यसभा में उठे सवाल और मिले जवाब
राज्यसभा में सांसद तेजवीर सिंह ने सरकार से दो महत्वपूर्ण सवाल पूछे थे। पहला सवाल था कि क्या सरकार जल्दी रिटायरमेंट के लिए कोई नई योजना ला रही है? और दूसरा सवाल था कि जो कर्मचारी देर से रिटायर होना चाहते हैं, उनके लिए सरकार की क्या योजना है? दोनों ही सवालों पर केंद्रीय मंत्री ने स्पष्ट रूप से कहा कि वर्तमान में ऐसी कोई योजना नहीं है। उन्होंने यह भी बताया कि सेवानिवृत्ति की आयु में लचीलेपन की व्यवस्था के लिए भी अभी कोई प्रस्ताव विचाराधीन नहीं है।
मौजूदा नियमों में पहले से ही विकल्प मौजूद
केंद्रीय मंत्री ने अपने जवाब में यह भी स्पष्ट किया कि केंद्रीय सिविल सेवा पेंशन नियम 2021 और अखिल भारतीय सेवा नियम 1958 के तहत कर्मचारियों को समय से पहले सेवानिवृत्ति लेने का विकल्प पहले से ही प्रदान किया गया है। इन नियमों को पूरा करने वाले कर्मचारी चाहें तो इस विकल्प का उपयोग कर सकते हैं। लेकिन नए नियम बनाने या मौजूदा सेवानिवृत्ति की उम्र सीमा को बढ़ाने या घटाने की कोई योजना सरकार के पास फिलहाल नहीं है।
सोशल मीडिया पर वायरल हुए आदेश की सच्चाई
हाल ही में सोशल मीडिया पर हरियाणा सरकार का एक आदेश वायरल हुआ था, जिसमें दावा किया गया था कि कर्मचारियों की रिटायरमेंट की उम्र सीमा 60 वर्ष से बढ़ाकर 65 वर्ष कर दी गई है। लेकिन जांच में यह आदेश पूरी तरह से फर्जी निकला। सरकार ने इस प्रकार के किसी भी आदेश को जारी नहीं किया है और न ही ऐसी कोई योजना है। इस तरह के भ्रामक संदेशों से बचने की आवश्यकता है।
उत्तराखंड में चिकित्सकों के लिए विशेष छूट
हालांकि, उत्तराखंड में विशेषज्ञ चिकित्सकों के लिए रिटायरमेंट की उम्र सीमा में बदलाव किया गया है। राज्य सरकार ने लगभग 550 विशेषज्ञ चिकित्सकों की रिटायरमेंट उम्र को बढ़ाया है। लेकिन यह छूट सिर्फ इन विशेषज्ञ चिकित्सकों के लिए ही है और अन्य सरकारी कर्मचारियों के लिए ऐसा कोई निर्णय नहीं लिया गया है। इससे यह स्पष्ट होता है कि कुछ विशेष श्रेणियों में, जहां विशेषज्ञों की कमी है, वहां उम्र सीमा में थोड़ी छूट दी जा सकती है।
कर्मचारियों की मांग और सरकार का रुख
देश भर के लाखों सरकारी कर्मचारी रिटायरमेंट उम्र सीमा को बढ़ाने की मांग कर रहे हैं। उनका मानना है कि जीवन प्रत्याशा बढ़ने और स्वास्थ्य सुविधाओं में सुधार के कारण वे 60 वर्ष की उम्र के बाद भी प्रभावी ढंग से काम कर सकते हैं। लेकिन सरकार ने इस मुद्दे पर अपना रुख स्पष्ट कर दिया है कि फिलहाल कोई बदलाव नहीं किया जाएगा। संसद में दिए गए जवाब से यह साफ हो गया है कि अभी रिटायरमेंट उम्र सीमा को बढ़ाने या घटाने पर कोई विचार नहीं है।
अस्वीकरण: यह लेख केवल सामान्य जानकारी के लिए है। सरकारी नीतियों और नियमों में बदलाव हो सकता है। कृपया अद्यतन जानकारी के लिए सरकारी आधिकारिक वेबसाइट या प्रकाशनों का संदर्भ लें।